रूढ़ीवादी परम्परा मृत्युभोज को समाप्त करने की जरूरतः प्रभुनारायण

चहनियां क्षेत्र में शोकाकुल परिजनों से मुलाकात कर मृत्यु भोज के बहिष्कार के लिए सहयोग मांगते सकलडीहा विधायक।
चहनियां क्षेत्र में शोकाकुल परिजनों से मुलाकात कर मृत्यु भोज के बहिष्कार के लिए सहयोग मांगते सकलडीहा विधायक।


सकलडीहा विधायक प्रभुनारायण के साथ लोगों ने चहनियां में चलाई मुहिम

Young Writer, चंदौली। जनपद के चहनियां ब्लाक के दर्जनों गांवों में गुरुवार को सकलडीहा विधायक प्रभुनारायण सिंह की अगुवाई में शोकाकुल परिजनों से मुलाकत कर मृत्युभोज न करने के लिए सहयोग मांगा। इस क्रम में विकास खण्ड के ग्राम हरधन के अवकाश प्राप्त इंपेक्टर सूर्यनाथ के पुत्र, लक्ष्मणगढ़ में ओमप्रकाश मास्टर की माता जी, हतवापर मनोज यादव की माता जी, ककरहटी में कैलाश के बड़ी माता जी के निधन पर परिजनों से मुलाकत किया।

इस अवसर पर सकलडीहा विधायक प्रभूनारायण यादव ने कहा कि मृत्युभोज समाज में एक रूढ़ी वादी परम्परा का रूप ले लिया हैं जिसके आगोश में समाज का हर तबका जकड़ता जा रहा है। दशकों पुरानी इस कुरीति के गिरफ्त में दिन पर दिन समाज के सभी वर्गों के लोग आते जा रहे हैं जो समाज को दीमक जैसा खोखला कर रहा है जिससे लोगों की आर्थिक स्थिति दयनीय होती जा रही है। विकास अवरुद्ध हो रहा हैं। कहा कि तेरही प्रथा समाज के एक भार बनता जा रही है जिससे मध्यम व निचले तबके लोग काफी परेशान हैं। ऐसे में आज हम सभी को मिलकर पुरानी रूढ़िवादिता से ऊपर उठते हुए समाज में फैली कुरीतियों को समाप्त करने के लिए आगे आने की आवश्यकता है। इस मुहिमा का क्षेत्र के प्रबुद्धवर्ग ने जोरदार समर्थन किया। साथ ही तेरही प्रथा को समाप्त करने की शपथ भी ली, ताकि समाज में दबे कुचले गरीब को राहत प्रदान कराया जा सके। जैसे कि इसके पूर्व सती प्रथा का प्रचलन था, जिसके खिलाफ राजाराम मोहन राय ने आवाज उठाई और पूरे देश से सती जैसी प्रथा पर रोक लग गया। जिससे हमारी माताएं, बहने, बेटियां के जीवन में बड़ा बदलाव आया और वे आज अपना जीवनयापन अच्छे ढंग से कर रही। ठीक उसी प्रकार हम सभी लोग आगे आकर तेरही प्रथा रोकने की मुहिम को मुकाम देना होगा। इस दौरान गिरजाशंकर पाण्डेय, बालमूर्ति यादव, रामअवध, मनोज, तूफानी, सुदामा, जिला पंचायत सदस्य रविन्द्र यादव, राजेश प्रधान, चकरु यादव, भोला नाथ, सुबास, अजीत, संतोष प्रधान, उमेश यादव, अनुराग मास्टर मौजद थे।