कश्मीर में 22 वर्षों का कारावास काटकर लौटे जयप्रकाश‚ परिजनों का उमड़ा प्रेम‚ स्वागत में उमड़े ग्रामीण

Young Writer: कमालपुर लौटने के बाद जयप्रकाश से मुलाकात करते ग्रामीण।
Young Writer: कमालपुर लौटने के बाद जयप्रकाश से मुलाकात करते ग्रामीण।

Young Writer, कमालपुर। कस्बा निवासी मुरली जायसवाल का पुत्र जय प्रकाश जायसवाल 53 वर्ष जो 22वर्ष पूर्व गायब हो गया था। बुधवार की सुबह ग्राम प्रधान कमालपुर सुदामा जायसवाल अपने साथियों के साथ जम्मू जेल से रिहा कराकर जयप्रकाश को लेकर घर पहुंचे। घर पहुंचते ही लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई लोगों ने मिठाई खिलाकर माला पहनाकर वापसी का स्वागत किया। पिता मुरली जायसवाल को देख जयप्रकाश जायसवाल गले लगाकर रोने लगा। इस मिलन को देख मौजूद लोगों की भी आंखे नम हो गईं।

बतादें कि बाइस साल पूर्व जय प्रकाश जायसवाल अचानक गायब हो गए थे। जिसे परिजनों ने काफ़ी खोज की पर कहीं पता नहीं चला। थक हार कर परिजन भगवान की नियति मान कर इंतजार करने लगे। इस बीच उनकी मां का पुत्र के वियोग में देहान्त हो गया। पिता भी लकवा से पीड़ित हो गए। छोटा भाई दुर्गा शंकर जायसवाल की 2014में मृत्यु हो गई। जयप्रकाश को खोज बिन कर पूरा परिवार थक-हारकर पूरी तरह से बन्द पड़ गया था कि जम्मू जीआरपी पुलिस द्वारा धीना थाने पर भेजी गई सूचना से यह मालूम हुआ कि जय प्रकाश जम्मू जेल में एके 47 के 34 जिन्दा कारतूस के साथ पकड़ा गया था। जिसे जेल भेज दिया गया था। जैसे ही जानकारी मिली ग्राम प्रधान व व्यापार मण्डल अध्यक्ष सुदामा जायसवाल जम्मू पहुंच गए। कानूनी प्रक्रिया के कारण प्रथम बार में छुड़ाने में सफलता नहीं मिली। एक बार फिर अपने साथियों के साथ जम्मू पहुंचे। जहां जमानत पर जय प्रकाश जायसवाल को रिहा कराकर प्रकाश जायसवाल की वापसी ऐसे समय में हुई है कि उसके मृत भाई के लड़की की शादी 24 नवम्बर को है। परिजनों के लिए यह दोहरी खुशी है। इस दौरान बासुदेव अग्रहरी, खखनू अग्रहरी, वीरेन्द्र अग्रहरी, राजेश जायसवाल, घनश्याम जायसवाल, राजू बिंद, इश्तियाक अहमद, मुन्ना राम, गौरी शंकर, प्यारेलाल जायसवाल आदि लोग काफी संख्या में रहे।