चंदौली। राज्यसभा सांसद दर्शना सिंह ने बुधवार को मुख्यालय स्थित जिला पंचायत बालिका इंटर कालेज का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने विद्यालय में संचालित कक्षाओं और विषयों के साथ ही खेल मैदान व अन्य व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त की। वहीं काफी पुराने इस विद्यालय में साइंस और कला वर्ग में कई विषयों की मान्यता नहीं मिलने और खेल का मैदान नहीं होने पर आश्चर्य व्यक्त किया।


राज्यसभा सांसद दर्शना सिंह बुधवार की दोपहर अचानक जिला पंचायत बालिका इंटर कालेज में निरीक्षण करने पहुंची। उन्होंने सर्व प्रथम जीर्ण-शीर्ण अवस्था में पहुंच चुके कक्षाओं का जायजा लिया। वहीं प्रधानाचार्य रीता रानी से विद्यालय में संचालित हो रहे विषयों के संबंध में जानकारी प्राप्त किया। प्रधानाचार्य ने बताया कि 1955 में बने इस विद्यालय को आज तक इंटरमीडिएट के कला संकाय में गृह विज्ञान, समाजशास्त्र, और भूगोल के अलावा साइंस में भौतिक, रसायन और जीव विज्ञान, गणित, अंगे्रजी की मान्यता नहीं मिल पायी है। जबकि इसके लिए उच्चाधिकारियों को कई बार पत्र के माध्यम से अवगत कराया गया। मौके पर मौजूद मेजर अशोक सिंह ने बताया कि इन विषयों की मान्यता नहीं मिलने के कारण काफी असुविधा का सामना करना पड़ता है। उन्होंने विद्यालय की जमीन होने के बाद भी बालिकाओं के लिए खेल का मैदान नहीं होने को लेकर भी ध्यान आकृष्ठ कराया। कहा कि खेल का मैदान न होने से बालिकाओं को खेलकूद व अन्य प्रतियोगिताओं की तैयारी में समस्या का सामना करना पड़ता है। जबकि इस विद्यालय की बालिकाएं खेलकूद व अन्य प्रतियोगिताओं में जनपद व प्रदेश स्तर पर नाम रौशन कर चुकी है। इसपर राज्यसभा सांसद ने विद्यालय के जीर्णोद्धार के साथ ही कला व विज्ञान वर्ग में विभिन्न विषयों की मान्यता दिलाने और खेलकूद की सुविधा बालिकाओं को मुहैया कराने का हर संभव प्रयास किया जाएगा। उन्होंने प्रधानाचार्य रीता रानी को विद्यालय की समस्याओं से जुड़ी एक-एक बिंदु के संबंधित पत्र भी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। ताकि शासन से अवगत कराते हुए विद्यालय का कायाकल्प कराया जा सके। इस मौके पर चेयरमैन रविंद्रनाथ, जिला पंचायत के प्रशासनिक अधिकारी आनन्द सिंह, मेजर अशोक सिंह, शिवराज सिंह, विजय सिंह, राजीव अग्रहरि सहित अन्य लोग मौजूद रहे।

