बलुआ गंगा घाट पर सीआरपीएफ के जवानों ने राजकीय सम्मान के साथ दी अंतिम विदाई
Young Writer, चहनियां। क्षेत्र के मटियरा गांव निवासी सीआरपीएफ में एसआई 58 वर्षीय प्यारेलाल यादव का ड्यूटी के दौरान बुधवार को मौत हो गयी। इसकी खबर मिलते ही परिजनों में हाहाकार मच गया। प्यारेलाल श्रीनगर के कुलगाम में तैनात थे।
क्षेत्र के मटियरा गांव के रहने वाले प्यारे लाल यादव, श्रीनगर के कुलगाम में सीआरपीएफ में एसआई के पद पर तैनात थे। वे 1 अप्रैल 1990 में सेना में भर्ती हुए थे। इनके पिता का निधन नवम्बर 22 में हुआ था। ये उस समय घर आये थे। 24 दिसम्बर को छुट्टी बिताकर घर से ड्यूटी पर श्रीनगर गये थे। ड्यूटी के दौरान बुधवार को हार्टअटैक से इनकी मौत हो गयी। मौत की खबर सुनते ही परिजनों में कोहराम मच गया। पत्नी इंद्रावती देवी, पुत्रियां प्रियंका व सुष्मिता, छोटा भाई कृष्णदेव यादव, उनके पुत्र सूरज व नीरज, बड़े भाई के पुत्र चंदन यादव का रोकर बुरा हाल है। मटियरा गांव में सैनिक प्यारे लाल यादव की मौत के बाद तीन दिनों से गांव में मातम छाया हुआ है। आसपास घरों में चूल्हे तक नहीं जले। शुक्रवार को सीआरपीएफ जवान प्यारे लाल का शव पहुंचा। उनका शव जैसे ही बलुआ के पास पहुंचा सैकड़ों की संख्या में युवा तिरंगा झण्डा लिए भारत माता की जयकारा लगाते हुए बलुआ से कैथी के रास्ते मटियरा गांव पहुंचे। गांव में पहुंचते पत्नी व बेटियां व परिजन शव से लिपटकर रोने लगी। साथ में सेना के जवानों ने अंतिम संस्कार के लिए 50 हजार रुपये दिये। साथ ही पत्नी को आश्वासन दिया कि एक बेटी को नौकरी व पेंशन भी दिया जायेगा। सीआरपीएफ जीसी लखनऊ के इंस्पेक्टर पवन कुमार के नेतृत्व में जवानों ने बलुआ घाट पर गार्ड आफ आनर दिया। छोटा भाई कृष्ण देव यादव ने मुखाग्नि दी। इस दौरान बलुआ इंस्पेक्टर विनय प्रकाश सिंह, सपा नेता अनिल यादव, सुभाष यादव, जिला पंचायत सदस्य रबिन्द्र यादव, ग्राम प्रधान सन्तोष यादव, धर्मेंद्र यादव, अमरजीत यादव, बाबूलाल यादव सहित सैकड़ों लोग उपस्थित थे।

