सकलडीहा। कोतवाली क्षेत्र के धरहरा मड़ई गांव में बुधवार को जमीनी विवाद में दो पक्षों के बीच जमकर लाठी डंडे चले। जिसमें दोनों पक्षों के आधा दर्जन से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इनमें कई लोगों के सिर फट गए।और कपड़े खून से भीग गए। इनलोगों को एम्बुलेंस की मदद से सीएचसी सकलडीहा लाया गया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद जिला चिकित्सालय रेफर कर दिया गया है। मारपीट का प्रमुख कारण है कि सरकारी जमीन पर कब्जा को लेकर लम्बे समय से विवाद चल रहा है। जबकि इसके बाद भी राजस्व विभाग अनजान बना हुआ है। कोतवाली पुलिस ने तहरीर लेकर मामले की जांच में जुट गयी है।
धरहरा मढ़ई गांव में दो बीघा खलिहान की जमीन है। दोनों पक्ष उस जमीन को आवंटन की बात कह रहा है। लेकिन आजतक राजस्व विभाग की ओर से इसको चिन्हित नही कर पाए। जिससे कारण आज मारपीट की घटना में तब्दील होगया। इस जमीन को पूर्व में एक दर्जन लोगों ने कब्जा किया था। शिकायत पर इन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। और अतिक्रमण खाली कराया गया। आरोप है कि उसी खाली जमीन पर एक पक्ष की ओर गेंहू और सरसों की बुआई कर दी गई। और गांव में स्थित दो बीघे के सरकारी तालाब को भी कब्जा कर मछली मारने लगे। यह देख दूसरा पक्ष भी खलिहान की जमीन पर मढ़ई रखना शुरू कर दिया। जिससे कहासुनी के बाद मारपीट हो गई। जिसमें 60 वर्षीय हरिनाथ यादव, 55 वर्षीय राजनारायण यादव, 26 वर्षीय अमन यादव, 25 वर्षीय सतपाल यादव,50 वर्षीय कलावती देवी घायल है। वही दूसरे पक्ष के 25 वर्षीय अच्छेलाल यादव, 40 वर्षीय हिन्दलाल यादव, 32 वर्षीय अमित यादव, 25 वर्षीय छोटू यादव व 62 वर्षीय रामबिलाल घायल है। ग्रामीणो का आरोप है कि लम्बे समय से राजस्व संबधित विवाद की लिखित शिकायत के बाद भी तहसील प्रशासन मौन साधे हुए है। इस बाबत कोतवाल दिलीप श्रीवास्तव ने बताया कि सरकारी जमीन पर कब्जा को लेकर दो पक्षों के बीच मारपीट हुई है। घायलों का इलाज सीएचसी पर कराया जा रहा है।

