चंदौली। मुख्यालय स्थित चंद्रा भवन कांग्रेस कार्यालय में बुधवार को एआईसीसी पर्यवेक्षक सीताराम लांबा के आगमन पर जिला कांग्रेस कमेटी की ओर से जोरदार स्वागत किया गया। इस दौरान पूर्व एमएलसी ओम प्रकाश त्रिपाठी भी मौजूद रहे। जिलाध्यक्ष अरुण द्विवेदी और मुगलसराय शहर कांग्रेस अध्यक्ष बृजेश गुप्ता के संयुक्त नेतृत्व में बैठक आयोजित कर देश में वोट चोरी के आरोपों के खिलाफ आंदोलन को गांव-गांव तक पहुंचाने की रणनीति बनाई गई।
मुख्य अतिथि सीताराम लांबा ने आरोप लगाया कि पिछले 10 महीनों में निर्वाचन आयुक्तों सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के निर्णयों पर 14 बार औपचारिक आपत्ति दर्ज की। उन्होंने दावा किया कि एसआईआर प्रक्रिया में मतदाताओं के नाम जोड़ने हटाने और निर्वाचन आयोग की आईटी प्रणाली को दिल्ली में केंद्रीकृत करने जैसे मुद्दों पर असहमति जताई गई। लांबा ने कहा कि कांग्रेस की वोट चोरी के खिलाफ लड़ाई तब तक जारी रहेगी जब तक निर्वाचन प्रक्रिया पारदर्शी और निष्पक्ष नहीं हो जाती।विशिष्ट अतिथि पूर्व एमएलसी ओम प्रकाश त्रिपाठी ने कहा कि राहुल गांधी लगातार मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं का मुद्दा उठा रहे हैं। उन्होंने मुख्य निर्वाचन आयुक्त को पद से हटाने उनके कार्यकाल में लिए गए निर्णयों और मतदाता सूची में किए गए बदलावों की स्वतंत्र समीक्षा कराने तथा बैलेट पेपर से मतदान कराने की मांग की। बैठक में कांग्रेस महासचिव देवेंद्र प्रताप सिंह मुन्ना ने कार्यकर्ताओं से वोट चोरी के आरोपों को लेकर जनजागरूकता अभियान चलाने और आंदोलन को गांव-गांव तक पहुंचाने पर जोर दिया।

