चंदौली। हाईकोर्ट इलाहाबाद में अधिवक्ता के साथ दुर्व्यवहार की घटना से आक्रोशित चंदौली के अधिवक्ताओं ने शुक्रवार को कचहरी परिसर से जुलूस निकाला और न्यायिक कार्य से विरत रहे। इस दौरान विरोध में जमकर नारेबाजी की और अधिवक्ता के साथ दुर्व्यवहार करने वाले न्यायमूर्ति के खिलाफ कार्यवाही की मांग को लेकर सर्विस रोड को जाम कर दिया। चेताया कि अधिवक्ता के साथ किसी भी तरह का दुर्व्यवहार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अधिवक्ताओं ने हाईकोर्ट के मुख्य न्यायमूर्ति से मांग किया कि प्रकरण में उचित कार्यवाही सुनिश्चित करें, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति ना होने पाए।
इस दौरान अधिवक्ता झन्मेजय सिंह ने कहा कि बार-बेंच के बीच ऐसे संबंध नहीं होने चाहिए। बार यदि बेंच का सम्मान करती है तो बेंच को बार के मान-सम्मान व गरिमा का ध्यान रखने की जरूरत है। जिस तरह से हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति की ओर से अधिवक्ता के साथ दुर्व्यवहार किया है उससे अधिवक्ता समाज में आक्रोश व्याप्त है। ऐसे में मुख्य न्यायमूर्ति को प्रकरण में इलाहाबाद हाईकोर्ट बार एसोसिएशन की मांगों पर विचार करते हुए कार्यवाही सुनिश्चित किया जाए, ताकि अधिवक्ताओं का मान-सम्मान सुरक्षित रहे। अधिवक्ता हित से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इसके पूर्व अधिवक्ताओं ने चंदौली कचहरी परिसर का चक्रमण किया और नारेबाजी करते हुए नगर भ्रमण कर पुनः कचहरी पहुंचकर सर्विस रोड को जाम कर नारेबाजी करने लगे। इसकी जानकारी चंदौली कोतवाली पुलिस के साथ ही तहसीलदार सदर मौके पर पहुंचे। अधिवक्ताओं ने मांगों से संबोधित ज्ञापन तहसीलदार को सौंपा और नाराजगी व्यक्त की। इस अवसर पर डा. विरेंद्र प्रताप सिंह, राजेश मिश्रा, अनिल सिंह, संतोष कुमार सिंह, राकेश रत्न तिवारी, सुल्तान अहमद, आशुतोष मिश्रा, अरुण मिश्रा, अमित सिंह, नीरज सिंह, महेंद्र चतुर्वेदी, शमशुद्दीन, प्रवीण यादव, पंकज सिंह आदि उपस्थित रहे।

