नौगढ़ क्षेत्र के विकास के लिए प्रत्येक माह आयोजित होगा नौगढ़ दिवस
Young Writer, नौगढ़। जिलाधिकारी संजीव सिंह की अध्यक्षता में रविवार को विकास खंड नौगढ़ में नौगढ़ दिवस का आयोजन किया गया। जन चौपाल के दौरान जिलाधिकारी ने बड़ी संख्या में आए फ़रियादियों की शिकायतें सुनी और मौके पर ही निस्तारण के निर्देश दिए।
इस दौरान जिलाधिकारी संजीव सिंह ने कहा कि नौगढ़ क्षेत्र के ग्रामीणों को मूलभूत सुविधाएं, व रोजगार के अवसर अवसर के लिए शासन की कल्याणकारी योजनाओं से लाभान्वित व परियोजनाओं की प्रगति एवं गुणवत्ता के सत्यापन के लिए जन चौपाल का आयोजन किया जा रहा है। क्षेत्र के विकास के लिए अब प्रत्येक माह नौगढ़ दिवस का आयोजन किया जाएगा। जिसमें जनपद के समस्त विभागीय अधिकारी उपस्थित हो कर जन समस्याओं का समुचित निस्तारण करेंगे। साथ ही क्षेत्र में गतिमान परियोजनाओं का अधिकारियों द्वारा कार्य की प्रगति एवं गुणवत्ता का सत्यापन भी किया जाएगा। उन्होंने ने विभागीय अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि प्रत्येक विभाग नौगढ़ क्षेत्र की जनसमस्याओं की निस्तारण के साथ ही प्रभावी विकास के लिए कार्य योजना बनाकर प्रस्तुत करें। और क्षेत्र में लोगों को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के लिए पर्यटन विकास, स्वयं सहायता समूह के गठन, मनरेगा, कृषि ,उद्यान आदि क्षेत्रों में प्रभावी कार्य किया जाएगा जिससे अधिक से अधिक स्थानीय लोगों को रोजगार उपलब्ध होगा। जन चौपाल के दौरान फरियादियों द्वारा 225 से अधिक शिकायतें प्राप्त हुई। जिन्हें संबंधित विभागीय अधिकारियों को सौंपते हुए एक सप्ताह के अंदर गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने का निर्देश दिया। और कहा कि जनसमस्याओं के निस्तारण में शिथिलता या लापरवाही बरतने वाले अधिकारीयों पर कार्यवाई किया जाएगा।
Young Writer, चंदौली। जनपद के किसानों की बदहाली को देखते हुए पूरी तरह से निष्क्रिय है। जहां किसान बाढ़ की समस्या से जूझ रहा है। वही एक इलाके के किसान सूखे की मार को झेल रहा है। लेकिन इस समस्या के समाधान के लिए किसानों को अब गांव से निकलकर मुख्यालय की सड़क नेशनल हाईवे पर आना पड़ रहा है। इससे साफ जाहिर होता है। कि शासन और प्रशासन पूरी तरह से किसानों के प्रति गंभीर नहीं है। उक्त बातें रविवार को समाजवादी पार्टी के पूर्व सांसद रामकिशुन यादव ने किसानों की समस्या को देखते हुए पत्रकारों से रूबरू होते हुए कहीं।
इस दौरान रामकिशुन यादव ने कहा कि किसानों के हितैषी का दम भरने वाली केंद्र और प्रदेश सरकार पूरी तरह से किसानों के प्रति गंभीर नहीं है यही नहीं किसानों के आक्रोश को देखते हुए जनपद आगमन पर आने वाले मंत्री पहले ही अपना कार्यक्रम रद्द करके भाग जा रहे हैं। प्रदेश के जलशक्ति मंत्री व वाराणसी के मंडल प्रभारी स्वतंत्र देव सिंह ने बाढ़ का प्रकोप और सूखे की मार झेल रहे किसानों से मिलने की वजह कार्यक्रम रद्द करके बिना किसानों की समस्या जाने ही लखनऊ वापस लौट गए इससे साफ जाहिर होता है। कि किसानों के प्रति सरकार व उनके जनप्रतिनिधि गंभीर नहीं है। आज जनपद का किसान एक और जहां सूखे की मार चल रहा है। उसे मजबूरी में आकर बिजली समस्या के लिए हाईवे को जाम करना पड़ रहा है। वहीं दूसरी ओर बाढ़ की भविष्य का को झेल रहा किसान के दुख दर्द में भाजपा के जनप्रतिनिधि व मंत्री शामिल नहीं होना चाह रहे हैं। चारों तरफ से किसान जनपद का घिरा हुआ है। यही हाल रहा तो एक और जहां फसल बाढ़ से बर्बाद हो रही है। वहीं दूसरी ओर बिजली न मिलने के कारण सिंचाई व्यवस्था ध्वस्त हो जाने से सूखने के कगार पर पहुंच गई। अधिकारी सिर्फ आश्वासन देकर ही किसानों को दिलासा दिला रहे हैं। और वही इनके मंत्री किसानों के समस्या समाधान किए जनपद का दौरा रद्द कर दे रहे हैं।
पड़ाव क्षेत्र में बाढ़ के पानी से घिरा रिहायशी इलाका।
पड़ाव क्षेत्र के बाढ़ग्रस्त इलाकों में का डीएम‚ एसपी व मुगलसराय विधायक रमेश जायसवाल ने लिया जायजा
गंगा में पानी बढ़ने से रिहायशी इलाकों में आयी बाढ़
Young Writer, चंदौली। पड़ाव क्षेत्र के बाढ़ प्रभावित गांव और बाढ़ चौकियों का जिलाधिकारी चंदौली संजीव कुमार व एसपी अंकुर अग्रवाल, विधायक रमेश जायसवाल ने निरीक्षण किया। संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को निर्देश भी दिया कि समय रहते उचित व्यवस्थाएं कर लिया जाए, जिससे आम जनमानस के साथ-साथ में पशुओं को दिक्कत ना हो।
पड़ाव क्षेत्र मे बाढ़ग्रस्त इलाकों का दौरा करते डीएम, एसपी व विधायक।
विदित हो कि इस समय वाराणसी (Floods in Varanasi) जनपद में गंगा ने रौद्र रूप धारण कर लिया है। गंगा का पानी तटवर्ती इलाके को अपने आगोश में लेने के लिए आतुर है। क्षेत्र स्थित सूजाबाद, डोमरी, बहादुरपुर, मढ़िया, रतनपुर, कटेसर समेत आधा दर्जन गांव के तलहटी क्षेत्रों के साथ-साथ आबादी की तरफ पानी पहुंच गया है जिससे आप लोगों को घर छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। बाढ़ के प्रभाव को देखते हुए जिलाधिकारी संजीव कुमार, पुलिस अधीक्षक अंकुर अग्रवाल व विधायक रमेश जायसवाल और सीएमओ डा. वाईके राय बाढ़ चौकी जलीलपुर और बहादुरपुर का निरीक्षण किया। तत्पश्चात कुंडा खुर्द गांव का निरीक्षण किया, जहां पर ग्रामीणों ने बताया कि कृषि योग्य क्षेत्रों के साथ-साथ मकान पेड़ और मलैया बस्ती में जाने के लिए मुख्य पक्की सड़क गंगा के पानी से कटान का शिकार हो रहा है जबकि इससे पहले लाखों रुपए खर्च करके प्रशासन ने जिओ ट्यूब के माध्यम से कटान रोकने का भरपूर प्रयास किया बावजूद गंगा के पानी से कटान जारी है अगर ऐसा ही रहा तो कुंडा खुर्द गांव के मलैया बस्ती में जाने के लिए आने वाले समय में रास्ता नहीं रह पाएगा। जबकि इस मौके पर उपजिलाधिकारी अविनाश कुमार, मुगलसराय इंस्पेक्टर बृजेश तिवारी, चौकी इंचार्ज जलीलपुर दिलीप कुमार श्रीवास्तव, मनीष सिंह, आशीष मौर्या, मिथिलेश यादव, ज्योति यादव, प्रीति साहनी, चंद्रप्रकाश अंजू सचान इत्यादि रहे।
पड़ाव क्षेत्र में बाढ़ग्रस्त इलाके में कटान का दृश्य।
चंदौली जनपद के 25 गांवों का कृषि रकबा डूबा
पड़ाव। जिलाधिकारी संजीव कुमार ने बताया कि जनपद में 25 गांव के कृषि क्षेत्र बाढ़ से प्रभावित है जबकि 42 बाढ़ चौकियां स्थापित की गई है और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दे दिया गया है समय रहते हुए उचित व्यवस्थाएं कर लिया जाए। पुलिस अधीक्षक अंकुर अग्रवाल ने कहा पांच थाना बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पुलिसकर्मियों की संख्या बढ़ा दी गई है और सभी को अलर्ट मोड में रहने के लिए बोल दिया गया है जरूरत पड़ने पर किसी गांव में पानी निकालने की आवश्यकता पड़ी तो फायर ब्रिगेड को लगा दिया जाएगा और संबंधित सभी थानों पर लाइव जैकेट की व्यवस्था कर दी गई है। चिकित्साधिकारी वाईके राय ने कहा कि और प्रभावित क्षेत्रों में संबंधित कर्मचारियों को लगा दिया गया है और उचित दवा और पाउडर की भी व्यवस्था करा दी गई है आगे कहा कि कोई भी व्यक्ति गंभीर बीमारी से ग्रसित है तो समय रहते हुए अपने बाढ़ प्रभावित गांव को छोड़कर किसी अन्य सुरक्षित स्थान पर चले जाए जहां से वह उचित इलाज करा सके। गर्भवती महिलाएं भी समय रहते हुए अपने मायके या किसी रिश्तेदार के यहां चली जाए, जिससे प्रसव के समय उचित इलाज संभव हो सके।
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का एसडीएम ने किया मुआयना
सकलडीहा। गंगा में तेजी से बढ़ती जलस्तर को लेकर तटवर्ती इलाकों में दहशत है। शनिवार को डीएम के निर्देश पर एसडीएम मनोज पाठक ने दर्जनों बाढ़ प्रभावित गांवों का निरीक्षण किया। इस दौरान तहसीलदार नायब तहसीलदार सहित अन्य अधिकारियों को बाढ़ शरणालय सहित अन्य सुविधाओं पर किसान व ग्रामीणों से विस्तार से चर्चा किया।
उपजिलाधिकारी मनोज पाठक चहनिया क्षेत्र के गद्दोचक, सहेपुर, दीयां, प्रसहटा, बुढ़ेपुर, रायपुर, नरौली, अमादमपुर, मेढ़वा, नगवा, गुरैनी, प्रहलादपुर आदि क्षेत्र का निरीक्षण किया। जिसमें पकड़ी, प्रहलादपुर, बोझवा, गद्दोचक, चकरा, मुकुंदपुर आदि गांव के समीप गंगा का पानी पहुंच गया है। क्षेत्रीय लेखपाल, प्रधान, सचिव, राजस्व कर्मीयों सहित तहसीलदार और नायब तहसीलदार को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में चिहिन्त 13 स्थलों पर बाढ़ शरणालय केन्द्र संचालित करने का निर्देश दिया। इस मौके पर तहसीलदार सतीश कुमार, नायब तहसीलदार रवि रंजन कश्यप सहित अन्य राजस्व कर्मी मौजूद रहे।
कागज पर चल रहा बाढ़ की तैयारी
सकलडीहा। तहसील के आलाधिकारी बाढ़ प्रभावित क्षेत्र का निरीक्षण कर आवश्यक दिशा निर्देश दे रहे है। लेकिन तहसील के राजस्व कर्मी तहसील में कम्प्यूटर पर कागजी तैयारी में जुटे है। किसानों ने आरोप लगाया कि तहसील कर्मियों की मनमानी के कारण ग्रामीण और किसान परेशान है।
चंदौली। विशेष न्यायाधीश पाक्सो राजेंद्र प्रसाद ने शनिवार को बलात्कार के आरोपी को 12 साल की कठोर कारावास की सजा सुनायी। उन्होंने धारा 363 आईपीसी में चार साल, धारा 366 में पांच वर्ष, धारा 506 में एक साल और 4 पाक्सो एक्ट में 12 साल की सजा दी। इसके अतिरिक्त 10 हजार रुपया जुर्माना अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा से दंडित किया। सकलडीहा थाना क्षेत्र की 14 वर्षीय पीड़िता के चाचा ने इस आशय की रिपोर्ट थाने में दर्ज कराया था। आरोप था कि 28 दिसंबर 2018 को उसकी भतीजी घर से शहीद गांव में पढ़ने के लिए स्कूल गई थी। लेकिन शाम तक वह नहीं आयी और खोजबीन के दौरान पता चला कि गांव में ही अपनी बहन के यहां रह रहे भोला मिश्रा का साला भभुआ जिले के सोनहुल थाना क्षेत्र के धरमपुरा गांव निवासी चंदन दुबे उसे बहला-फुसलाकर ले गया है। उसकी बहन सोनी मिश्रा और उसके मामा के लड़के मोहनियां थाना क्षेत्र के मुबारकपुर ग्राम निवासी दुर्गेश भी इसमें हाथ है। पीड़िता करीब 20 दिन बाद घर लौटी तो उसने बताया कि आरोपी चंदन दुबे बाइक से बैठाकर मोहनियां ले गया। उसने पास के सुरपुरा गांव में रातभर रखा। फिर वहां से सासाराम ले गया। इसके बाद ट्रेन से अमृतसर ले गया। वहां 20 दिन तक रखा और जबरन बलात्कार किया। इस मामले में पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया था। अभियोजन की ओर से विशेष अधिवक्ता पाक्सो शमशेर बहादुर सिंह, अवधेशनारायण सिंह और रमाकांत उपाध्याय ने तर्क प्रस्तुत किया।
चंदौली। पुलिस अधीक्षक अंकुर अग्रवाल के निर्देश पर शनिवार को थाना प्रभारी अरबिंद यादव ने पुलिस बल के साथ नगर में पैदल गश्त किया। उन्होंने पैदल गश्त के दौरान लोगों व्यापारियों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं को जाना। और लोगों से बात कर पुलिस के साथ सहयोग करने की अपील की इस दौरान थाना प्रभारी अरबिंद यादव ने कहा कि नगर व क्षेत्र में कानून व्यवस्था को कायम रखने व अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए प्रतिदिन कस्बा समेत गांवों में पैदल गश्त व रात्रि गश्त की जा रही है। पुलिस के पैदल गश्त से जहां असामाजिक तत्वों में हड़कंप मचा हुआ है। वहीं नागरिक पुलिस की गस्त से सुरक्षा का एहसास कर रहे हैं। उन्होंने नगर में घूम रहे संदिग्ध लोगों से पूछतांछ कर तलाशी भी लिया। और व्यपारियो से कहा कि अपने-अपने दुकानों के सामने कैमरा जरूर लगवाए। इससे संदिग्ध लोगों पर नजर रखी जा सके। इस दौरान एसआई सहिपाल यादव धर्मेंद्र शर्मा शुनिल तिवारी मौजूद रहे।
चंदौली। सदर कोतवाली क्षेत्र के छितों गांव के समीप शनिवार को रेलवे ट्रैक पर करते समय ट्रेन की चपेट में आने से एक 18 वर्षीय किशोरी की मौत हो गई। मौके पर जुटे आसपास के ग्रामीणों ने तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दी मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में कर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया और आगे की कार्रवाई में जुट गयी। बताते हैं कि छितों गांव निवासी विनोद राम की पुत्री मोनी 18 वर्ष गांव का रेलवे ट्रैक पर कर रही थी। अचानक ट्रेन की चपेट में आ गयी घटना में उसकी मौके पर ही मौत हो गयी। आस पास के ग्रामीणों ने देखा तो तत्काल घटना की जानकारी पुलिस को दी घटनास्थल पर पहुची पुलिस ने किशोरी की शव को कब्जे में कर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। वही ग्रामीणों ने बताया कि मोनी बचपन से मानसिक रूप से विछिप्त थी। जिसकी ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गयी है।
चंदौली ब्लाक के सामने नेशनल हाइवे को जाम करते नाराज किसान।
किसान बोले‚ बिजली विभाग की लापरवाही के कारण नलकूपों का नहीं हो पा रहा संचालन
Young Writer, चंदौली। बारिश नहीं होने से सिंचाई के अभाव में सूख रही धान की फसल को बिजली कटौती के कारण पानी नहीं मिला रहा है। इससे गुस्साए दर्जन भर गांव के किसानों ने शनिवार को चंदौली ब्लाक मुख्यालय के समक्ष नेशनल हाइवे को जाम कर दिया। इस दौरान किसानों ने बिजली विभाग की लापरवाही के खिलाफ नारेबाजी की और महकमे के अफसरों को आड़े हाथों लिया। आरोप लगाया कि विभागीय उदासीनता व लापरवाही के कारण चंदौली के किसानों की फसलें सूख रही है। बावजूद इसके अधिकारी व कर्मचारी लापरवाही व शिथिलता जारी रखें हुए है। उनका यह कृत्य किसानों को बड़ा आर्थिक नुकसान पहुंचाने वाला है, जिसे किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
नेशनल हाइवे चक्काजाम के दौरान एसडीएम सदर को अपनी समस्या से अवगत कराते किसान।
जनपद के खुरूहुआ, अकोढ़ा कला, सिकरी, सलेमपुर, पुरवां, बनौली कला, गोरारी, पैतुआ, पड़या, जसुरी, चनहटा, चुरमली गांव समेत आसपास के कई दर्जन गांवों के किसानों की फसलें इन दिनों सूखी पड़ी है, जिन्हें पानी की सख्त दरकार है। किसानों का कहना है कि बिजली कटौती के कारण हम सभी के निजी नकूलपों के साथ ही सिंचाई के लिए स्थापित राजकीय नलकूपों का संचालन नहीं हो पा रहा है, जिससे खेतों में दरारें दिखने लगी है और फसल पानी के अभाव में पीली पड़ने लगी है। बार-बार मिन्नत व शिकायत के बाद भी बिजली विभाग के अफसरों की लापरवाही दूर नहीं हुई। ऐसे में हम सभी किसानों को सिवान छोड़कर सड़क पर उतरना पड़ा है। कहा कि बिजली विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों का रवैया पूरी तरह से किसान विरोधी व गैरजिम्मेदाराना है जिसे अब किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। किसान सड़क से तभी हटेंगे, जब उनके फसलों की सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी का बंदोबस्त जिला प्रशासन की ओर से किया जाएगा। कहा कि लगातार प्राकृतिक आपदा की मार झेल रहे चंदौली के किसानों को सरकारी तंत्र की लापरवाही का भी खामियाजा भुगतना पड़ रहा है, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। किसान पूरी तरह से आर-पार की लड़ाई के मूड में है। सिवान में फसलों को बचाने के लिए ऐसे ही सड़कों पर आंदोलन होंगे। खबर लिखे जाने तक किसान नेशनल हाइवे पर डंटे रहे, जिस कारण चक्काजाम की स्थिति कायम हो गयी। हालांकि सूचना पर पहुंची पुलिस व एसडीएम सदर अजय मिश्रा ने किसानों को समझाने का काफी प्रयास किया, लेकिन किसान अपनी मांगों पर अड़े रहे।
रतनपुर में बाढ़ पीड़ित परिवार से बातचीत करने पहुंचे अफसर।
जानकारी के बाद रतनपुर पहुंचे अफसरों ने परिवार को हटाया
Young Writer, पड़ाव। क्षेत्र के रतनपुर निवासी मेवालाल का घर बाढ़ के पानी से पूरी तरह घिर गया है। इस कारण पीड़ित परिवार खाली पड़े रेलवे ट्रैक पर झाड़ और झंखाड़ के बीच में आशियाना बनाने को मजबूर है। मेवालाल दिव्यांग 60 वर्ष अपनी पत्नी आशा देवी 55 वर्ष, पुत्र गोपाल 30 वर्ष, प्रकाश 19 वर्ष, संजय 17 वर्ष और पशुओं सहित रहने को मजबूर हैं। जानकारी के बाद मौके पर पहुंचे संबंधित विभाग के अधिकारी वहां से जाने का आग्रह किया परिवार के ना मानने पर पुलिस की सहायता ली। मौके पर पहुंचे जलीलपुर चौकी इंचार्ज दिलीप कुमार श्रीवास्तव ने बाढ़ पीड़ित परिवार को उक्त जगह से हटने के लिए कहा तो प्रभावित परिवारों अपनी असमर्थता व पीड़ा बयां की। सरकारी अफसर हटने के लिए कह रहे हैं, लेकिन हमारे लिए कोई बंदोबस्त नहीं है। चौकी इंचार्ज दिलीप कुमार श्रीवास्तव ने उच्चाधिकारियों से जब बात किया तब जाकर प्रभावित परिवार अपने रिश्तेदार के यहां जाने को तैयार हुए जबकि देर शाम को लगभग रात्रि 8 बजे तहसीलदार कानूनगो और लेखपाल मौके पर जाकर निरीक्षण भी किए उसके बावजूद बाढ़ चौकी को खुलवाने की जहमत नहीं उठाई।
सकलडीहा सीएचसी पर स्वास्थ्य कार्यकत्रियों को निर्देशित करते एसडीएम मनोज पाठक।
Young Writer, सकलडीहा। प्रधानमंत्री आयुष्मान कार्ड (PM-Ayushman Card) के तहत लाभार्थियों का गोल्डेन कार्ड बनाया जायेगा। शुक्रवार को एसडीएम मनोज पाठक सीएचसी पहुंचकर गोल्डेन कार्ड की समीक्षा किया। इस दौरान आयुष मित्र सहित एएनएम आशा कार्यकत्री और सहज केन्द्र संचालकों को आवश्यक दिशा निर्देश दिया। चेताया कि निर्माण कार्य में लापरवाही पर सम्बन्धित के खिलाफ कार्रवाई की जायेगी।
एसडीएम मनोज पाठक ने सीएचसी पहुंचकर आशा कार्यकत्रियों, एएनएम और सहज केन्द्र संचालक सहित आयुष मित्र के साथ समीक्षा किया। इस दौरान मानक के अनुसार कम बनाये जाने पर नाराजगी जताया। चेताया कि हर हाल में दस दिनों के अंदर लाभार्थियों का गोल्डेन कार्ड (Ayushman Card) नहीं बनाया गया तो कार्रवाई की जायेगी। इसके अलावा ब्लॉक में प्रधान और सचिवों के माध्यम से बीडीओ और एडीओ पंचायत को बनवाने का निर्देश दिया। इस मौके पर सीएचसी अधीक्षक डा. संजय यादव, बीडीओ अरूण पांडेय, साहिद आलम अंसारी सहित अन्य मौजूद रहे।
Young Writer, चहनियां। रामगढ़ स्थित बाबा कीनाराम मठ में बाबा कीनाराम का 423 वे जन्मोत्सव समारोह में शुक्रवार को दूसरे दिन श्रद्धालुओं का हुजूम उमड़ पड़ा। लाखो की संख्या में लाइन में लगकर लोगो ने बाबा कीनाराम का दर्शन पूजन किया। बच्चों ने मनोरंजन के झूले, चरखी, खिलौने का लुफ्त उठाया। भारी मात्रा में फोर्स तैनात रही। रामगढ़ स्थित बाबा कीनाराम मठ में हर वर्ष बाबा का जन्मोत्सव धूमधाम से मनाया जाता है। दो वर्ष 2020 व 2021 में कोविड के कारण नही मनाया गया। इस वर्ष बाबा कीनाराम का जन्मोत्सव धूमधाम से मनाया जा रहा है। दूसरे दिन सुबह क्षेत्रीय व दूरदराज से आये गायकों द्वारा भजन प्रस्तुत किया गया। लाखों की संख्या में पुरुष, महिलाएं, बुजुर्ग व बच्चे लाइन में लगकर बाबा कीनाराम के दर्शन पूजन के बाद लोगो ने प्रसाद ग्रहण किया। वाहनों को मठ परिसर व मेला परिक्षेत्र से एक किलोमीटर दूर रखा गया। मेला में तरह तरह की मिष्ठान, गुड़हिया जलेबी, पकौड़ी, चाट, महिलाओं के श्रृंगार की दुकानों पर खरीदारी किया। इसके अलावा बच्चो के मनोरंजन के झुला, चरखी, खिलौनों की दुकानें पर बच्चो ने लुफ्त उठाया।
रामगढ़ में बाबा कीनाराम मठ में दर्शन-पूजन करते मनोज सिंह डब्लू।
देर रात सांस्कृतिक कार्यक्रम में श्रोता झूमे
चहनियां। बाबा कीनाराम मठ में आयोजित देर रात सांस्कृतिक कार्यक्रम में श्रोताओं ने गीत संगीत का लुफ्त उठाया। सांस्कृतिक कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्य अतिथि क्षेत्राधिकारी अनिरुद्ध सिंह ने द्वीप प्रज्वलित करके किया। कार्यक्रम में सोहर डांस, डा.विजय कपूर, मदन राय, गोपाल राय, अंकुश सिंह, सुमित एंड कम्पनी, आलोक पाण्डेय, कृष्ण कांत आदि कलाकारों द्वारा बाबा कीनाराम व अन्य गीत संगीत प्रस्तुत किया गया। सभी कलाकारों को ब्यवस्थापक अशोक सिंह व अजीत सिंह ने स्मृति चिन्ह व अंगवस्त्रम देकर सम्मानित किया। सुबह 9 बजे मंगला पाठक व मोहन तिवारी द्वारा रामायण प्रस्तुत किया गया। इसके बाद बाबा कीनाराम इंटर कालेज की छात्राएं, अमित सिंह व वष्ठी पाण्डेय, हरिशंकर तिवारी, पूजा उपाधयाय ने बाबा कीनाराम का गीत प्रस्तुत किया।
रामगढ़ स्थित बाबा कीनाराम मठ में दर्शन को लगी भीड़।
अविश्वसनीय समय में सन्त का भरोसा: डा. उमेश प्रसाद सिंह
चहनियां। बाबा कीनाराम के 423वें जन्मोत्सव पर सांय 4 बजे सम्भ्रांत लोगों ने विचार ब्यक्त किया। जिसमे उमेश प्रसाद सिंह, प्रोफेसर राम प्रकाश कुशवाहा, डा. विनय कुमार वर्मा, रामजी प्रसाद भैरो, शैलेन्द्र कुमार सिंह, एल उमाशंकर ने बाबा कीनाराम के जीवनी पर प्रकाश डाला। 27 अगस्त अंतिम दिन संत त्रिपाठी द्वारा शाम 4 बजे बाबा कीनाराम जिनके जीवनी पर प्रकाश डालेंगे। इस दौरान महान संत और मनुष्यता के प्रसारक बाबा कीनाराम के जन्मोत्सव के अवसर पर आयोजित विचार गोष्ठी में अपने विचार व्यक्त करते हुए मुख्य वक्ता साहित्यकार डॉ. उमेश प्रसाद सिंह ने कहा कि संत के चरित का गान करने से वाणी पवित्र हो जाती है। बाबा कीनाराम के साहित्य में दर्शन के तमाम ऊंचे आदर्शों का व्यावहारिक स्वरूप दिखाई देता है। आज जब हम अपने समय में राजनीति, शिक्षा, समाज सेवा के तमाम क्षेत्रों से निराश होने को अभिशप्त हैं, एकमात्र संतों का चरित ही भरोसे का केंद्र है। गोष्ठी में डा. विनय कुमार वर्मा, डा. रामप्रकाश कुशवाहा, डा. शैलेन्द्र सिंह, उपन्यासकार रामजी प्रसाद”भैरव ने बाबा कीनाराम के जीवन और साहित्य के बारे बहुत ही मूल्यवान जानकारी को बड़े प्रभावशाली रूप में प्रस्तुत किया। अध्यक्षता श्याम नारायण पांडेय‚ संचालन धनंजय सिंह और धन्यवाद सूर्यनाथ सिंह ने व्यक्त किया।
चार द्वार कुँए पर लगी रही भीड़
चहनियां। बाबा कीनाराम मठ में चार द्वार के कुओं पर स्नान करने व जल ग्रहण वालों की भीड़ लगी रही। ऐसी मान्यता है कि इस कुएं पर स्नान करने व जल पीने से अनेको रोग दूर होते है। इसे कुँप को खुद बाबा कीनाराम ने अपने हांथ से निर्मित किया है। इसमे बाबा कीनाराम कुँए में कूदे और वाराणसी क्री कुंड पर निकले है।